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नेशनल ठग बंटी-बबली ने उज्जैन के आधा दर्जन लोगों को लगाया लाखों रु. का चूना
उज्जैन।देश के अलग-अलग राज्यों के शहरों में रहकर स्वयं को रेलवे का विजिलेंस अधिकारी बताकर लोगों के साथ लाखों की ठगी करने वाले बंटी-बबली ने उज्जैन के आधा दर्जन लोगों को लाखों का चूना लगाया और चंपत हो गये। यहां उन्होंने एक व्यक्ति को मोबाइल कंपनी का एरिया सेल्स मैनेजर बताया तो किसी को रेलवे का अधिकारी। चिमनगंज पुलिस ने मामले में धोखाधड़ी और अमानत में खयानत का प्रकरण दर्ज किया है।
धर्मेन्द्र पिता भेरूलाल पांचाल 27 वर्ष निवासी गायत्री नगर के बाफना पार्क कॉलोनी में रहने वाले साडू रामचंद्र पांचाल के यहां लॉकडाउन के 10 दिन पहले रोहित वाजपेयी, उसकी पत्नी अन्नू वाजपेयी और 11 वर्षीय बच्ची किराये से रहने आये थे। धर्मेन्द्र पांचाल ने बताया कि साडू के यहां जन्मदिन के कार्यक्रम में रोहित वाजपेयी से मुलाकात हुई तो उसने स्वयं को मोबाइल कंपनी का एरिया सेल्स मैनेजर बताया और धर्मेन्द्र से कहा कि मेरे पास कटिंग का माल आता है जिसमें कंपनी के मोबाइल कम कीमत में मिल जाते हैं। धर्मेन्द्र ने उससे शुरूआत में कुछ मोबाइल खरीदे तो रोहित ने 10 प्रतिशत डिस्काउंट में कंपनी के मोबाइल भी दिये इससे धर्मेन्द्र का भरोसा बढ़ता गया और उसने 7 लाख 86 हजार रुपये के नये मोबाइलों का आर्डर रोहित वाजपेयी को दे दिया लेकिन रोहित यह रुपये लेकर भाग गया।
मकान मालिक और उसके कर्मचारी को भी नहीं छोड़ा
धर्मेन्द्र ने बताया कि रोहित के मकान मालिक रामचंद्र पांचाल के नाम से उसने टीवी आदि सामान बुक कराकर मंगाया, किराया भी नहीं दिया इसके अलावा रोहित ने रामचंद्र पांचाल के यहां काम करने वाले कर्मचारियों को रेलवे में नौकरी दिलाने के नाम पर 25-30 हजार रुपये प्रति व्यक्ति ठगे जिन्होंने भी रोहित के खिलाफ चिमनगंज थाने में शिकायत दर्ज कराई है।
गाजियाबाद में लाखों की ठगी कर आया था उज्जैन
रोहित वाजपेयी और उसकी पत्नी अन्नू वाजपेयी ने देश के अलग-अलग शहरों में ठगी की वारदातों को अंजाम दिया। इन्होंने गाजियाबाद की पॉश कॉलोनी में किराये का मकान लिया और यहां रहने वाले लोगों से संबंध बनाये। यहां तक कि मैरीज एनीवर्सरी भी बड़ी होटल में मनाई जिसमें सभी को बुलाया। कॉलोनी के लोगों को रोहित ने बताया कि मैं रेलवे के विजिलेंस का अधिकारी हूं। गाजियाबाद में रोहित ने चौकीदार से लेकर ज्वेलर्स तक को ठगा और लोगों को अलग-अलग बैंकों के चैक देकर 2 से 5 लाख रुपये लिये और ससुर का देहांत होने की खबर देकर चैन्नई जाने का कहकर गया तो कभी वापस नहीं लौटा।
टीसी बनकर रुपये उगाते ट्रेन से पकड़ाया था: बताया जाता है कि रोहित को झांसी आरपीएफ ने टीसी बनकर यात्रियों से रुपये लेते हुए पकड़ा था। इस मामले में रोहित जेल भी गया लेकिन बाद में जमानत कराई और पत्नी अन्नू के साथ ठगी की वारदातों को अंजाम देने लगा था।
तलाश शुरू की है
रोहित वाजपेयी द्वारा की गई ठगी के मामले में धारा 420, 406 के तहत प्रकरण दर्ज किया है। रोहित व उसकी पत्नी द्वारा देश के अलग-अलग शहरों में ठगी की वारदातों की जानकारी भी मिली है। उसकी तलाश शुरू की गई है।
अजीत तिवारी, टीआई चिमनगंज